April 23, 2021

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Digital Varta News Agency

ग्राम की भूमि पर अतिक्रमण हटाने को गर्जी जेसीबी मचा हड़कंप

बांदा। (डीवीएनए) ग्राम समाज की भूमि को जिलाधिकारी आनन्द सिंह नें अतिक्रमण मुक्त कराने की ठान कर अतिक्रमणकारियों कड़क मिजाजी मिटा दी। उनके बेहतरीन अभियान की शुरुवात सदर तहसील के हटेटीपुरवा से हो गई। जेसीबी की गर्जना से कई वर्षों से पक्का मकान बनाकर रह रहे लगभग 46 ग्रामीण बेघर होकर खुले आसमान तले आ गए। प्रशासन ने उनके मकानों को नेस्तनाबूत करा दिया।

अफसरों का कहना है कि ग्राम पंचायत की भूमि में अवैध कब्जे किए गए थे।उधर, बेघर हुए परिवारों ने कलक्ट्रेट में प्रदर्शन कर डीएम को दिए सामूहिक ज्ञापन में आवासीय पट्टा होने का दावा करते हुए धोखाधड़ी से मकान गिराने का आरोप लगाया।शहर सीमा से जुड़े हटेटीपुरवा में राजस्व विभाग और पुलिस अधिकारियों की टीम ने दर्जनों पक्के निर्मित व अर्द्धनिर्मित मकानों पर जेसीबी चलवा दी। बाउंड्री भी तोड़वाई। यहां आबाद परिवारों की महिला पुरुष नौटंकी पर उतर आये।रोते-गिड़गिड़ाते और जमीन का आवासीय पट्टा होने की दलील देते रहे, लेकिन सख्त डीएम के आगे उनकी एक नहीं चली। बेघर हुए महिला-पुरुष ने सामूहिक हस्ताक्षरों से डीएम को दी अर्जी में कहा कि वह गरीब और मजदूर हैं। उन्हें घर बनाने के लिए आवासीय पट्टा दिया गया था। करीब डेढ़-दो दशक से रह रहे हैं। बिना किसी सूचना या नोटिस के धोखाधड़ी से कागजों में हस्ताक्षर कराकर प्रशासन ने उनके मकान ध्वस्त कर दिए। इलाहाबाद हाईकोर्ट से स्टे भी लिए हुए हैं। अब कड़ाके की ठंड में खुले आसमान के नीचे आ गए हैं। ग्रामीणों ने जांच कराकर दोषियों पर कार्रवाई और आवास दिए जाने की मांग की।

ज्ञापन में 46 महिला पुरुषों के नाम दर्ज हैं।उधर, तहसीलदार अवधेश कुमार निगम ने बताया की ग्राम समाज की 4 हेक्टेयर बंजर भूमि में अवैध कब्जे थे। ग्राम प्रधान ने शिकायत की थी। यह भूमि सरकारी योजनाओं के लिए नगर पालिका, विद्युत और सिंचाई विभागों को दी गई है। उन्होंने कहा कि जिन लोगों ने भी यहां जमीन बेची है उन्हें चिह्नित कर उनके खिलाफ भू माफिया के तहत कार्रवाई की जाएगी।संवाद:- विनोद मिश्रा