June 20, 2021

DVNA

Digital Varta News Agency

नगर विकास मंत्री आशुतोष टंडन ने बेबीनार के माध्यम से की बैठक

आगरा (डीवीएनए )सोमवार को नगर विकास मंत्री आशुतोष टंडन ने प्रदेश भर के नगर निगमों के साथ वेबिनार के माध्यम से बैठक की। इस बैठक के दौरान उन्होंने नगर निगमों की समस्याओं, सफाई व्यस्था व स्वच्छता सर्वेक्षण की जानकारी ली। करीब 11:50 पर आगरा से नगर विकास मंत्री आशुतोष टंडन जुड़े और सभी को नववर्ष की शुभकामनाएं दी। जिसके बाद उन्होंने महापौर नवीन जैन से आगरा नगर निगम की समस्याओं, आर्थिक स्थिति के साथ स्वच्छता सर्वेक्षण में बेहतर रैंकिंग के लिए किए जा रहे प्रयास व कार्यों की जानकारी ली।

बैठक के दौरान नगर विकास मंत्री के समक्ष शासन से आए सम्पति कर के पुनरीक्षण प्रस्ताव पर चर्चा और सम्पति कर बढ़ाये जाने की बात हुई तो महापौर नवीन जैन बिफर गए। महापौर नवीन जैन ने सम्पति कर बढ़ाये जाने का जोरदारी से विरोध किया। उन्होंने कहा कि आगरा शहर में लगभग 3 लाख 20 हजार प्रॉपर्टी है लेकिन उनमें से टैक्स केवल 70 हजार प्रोपर्टी से ही मिल रहा है। अगर टैक्स बढेगा तो मार उन करदाताओं पर पड़ेगी जो ईमानदारी से अपना कर जमा कर रहें। ऐसे करदाताओं का क्या कसूर है। उन्होंने कहा कि अगर नगर निगम शहर की 3 लाख 20 हजार प्रोपर्टी से टैक्स वसूल करें तो संपति कर बढ़ाये जाने की जरूरत ही नही पड़ेगी। इससे निगम की आर्थिक स्थिति मजबूत होगी और हर घर टैक्स के दायरे में आ जायेगा।

महापौर नवीन जैन ने नगर विकास मंत्री से साफ कहा कि यह चुनावी वर्ष है। किसी भी प्रकार के टैक्स बढ़ोतरी से गलत संदेश जाएगा और इस समय टैक्स बढ़ाया गया तो शहर की जनता तो नाराज होगी वही विपक्ष को भी बैठे बिठाए मुद्दा मिल जाएगा और वो जनता को भड़का कर प्रदर्शन कराएंगे इससे सरकार की छवि धूमिल होगी और टैक्स भी प्राप्त नही होगा। इस समय हमें टैक्स वसूली को लेकर प्रदेश स्तर पर नई पॉलिसी बनानी चाहिए जिससें हर घर से टैक्स वसूला जा सके।

इस दौरान महापौर नवीन जैन ने नगर विकास मंत्री के सामने सफाई व्यस्था में कमी आने की बात को भी रखा। उन्होंने नगर विकास मंत्री को बताया कि पिछले कुछ महीनों में सफाई व्यस्था बिगड़ी है जिसने तीन वर्षो में सफाई व्यस्था में किये गए सुधारों पर पानी फेर दिया है। महापौर ने कहा कि उनके पास लगातार सफाई में कमी आने की शिकायतें आ रही है और वो खुद प्रतिदिन लगभग 100 किलोमीटर शहर में घूमते है। मुझे भी सफाई में कमी महसूस हो रही है और यह सब निगम के अधिकारियों की कमी के कारण है जिससें शहर में सफाई कार्य का सही तरीके से पर्यवेक्षण नहीं हो पा रहा है। उन्हें डर है कि पिछली बार उन्हें स्वच्छता सर्वेक्षण में 16 वी रैंकिंग प्राप्त की लेकिन इस बार यह रैंकिंग नीचे न चली जाए। महापौर नवीन जैन ने नगर विकास मंत्री से कहा कि अगर निगम में अधिकारियों की कमी पूरी कर दी जाए व अधिकारियों की जवाबदेही तय कर दी जाए तो स्वच्छता का कार्य और भी बेहतर हो सकता है।

इस दौरान महापौर नवीन जैन ने पेयजल और सीवरेज सिस्टम को सुधारे जाने पर भी अपने विचार रखे। उनका कहना था गंगाजल शहर में आ गया है शहर की पुरानी पेयजल वितरण प्रणाली के कारण लोगों तक नहीं पहुंच पा रहा। आए दिन पेयजल लाइन लीकेज और गंगाजल के प्रेशर से फट रही हैं इन्हें दुरुस्त करने के लिए भी उचित कदम उठाए जाने चाहिए जिससें पेयजल वितरण प्रणाली को और दुरुस्त बनाया जा सके। सीवरेज को लेकर महापौर नवीन जैन का कहा कि वबाग ने भले ही शहर के सीवर के कार्य को संभाल लिया हो लेकिन अभी भी सीवर सड़कों पर बहता हुआ दिखाई देता है। कंपनी को और भी बेहतर कार्य किए जाने के निर्देश दिए जाने चाहिए।

इस दौरान महापौर नवीन जैन ने नगर विकास मंत्री के समक्ष 15 वे वित्त आयोग के हुए गठन में निर्माण शब्द जोड़े जाने का सुझाव भी रखा। उन्होंने कहा कि अगर ऐसा होगा तो शहर में काफी विकास व पर्यावरण की दृष्टि से काम हो सकते है। महापौर ने नगर विकास मंत्री के समक्ष अपनी बात रखते हुए कहा कि इस समय निगम के पास पैसा नही है और इलेक्शन वर्ष होने के कारण शहरवासियों की विकास कार्यो को लेकर उम्मीदें बढ़ गयी है। विकास कार्य न होने से जनता में नाराजगी भी है। अगर निर्माण शब्द 15 वे वित्त आयोग में जोड़ दिया जाए तो शहर में विकास व पर्यावरण की दृष्टि से काफी काम हो सकते है।

महापौर नवीन जैन की ओर से निगम की समस्याओं को सामने रखे जाने पर नगर विकास मंत्री आशुतोष टंडन ने उनके समाधान का आश्वासन दिया तो वही महापौर नवीन जैन के टैक्स ना बढ़ाए जाने के प्रस्ताव की भी तारीफ की और उस पर अपनी सहमति भी जताई। उन्होंने कहा कि महापौर नवीन जैन शहर के विकास के साथ-साथ आम जनता के हित का भी पूरा ध्यान रख रहे हैं। वास्तव में एक जनप्रतिनिधि को ऐसा ही होना चाहिए।
संवाद , दानिश उमरी